Kricketed

ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट, हिंदी में


ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट में सबसे आम नाम “स्मिथ” नहीं, “सिंह” है: 1 लाख से ज़्यादा दक्षिण एशियाई खिलाड़ी, लक्ष्य से दो साल पहले

Kricketed: सबसे आम नाम "स्मिथ" नहीं "सिंह" है

Analysis · Multicultural cricket · Part 1 of 4

In English: Singh is the most common surname among registered cricketers in Australia, ahead of Patel, Smith, Sharma and Williams (2024-25). In 2023-24 there were 4,262 registered Singhs against 2,364 Smiths. Cricket Australia’s 2024-25 census counted 103,232 registered participants of South Asian heritage, passing the 100,000 target in its Multicultural Action Plan two years early. South Asian children make up 43% of boys and 25% of girls in under-12 national talent programs, against about 6% of the population. CA has not yet reported progress on its other goals: doubling South Asian match attendance to 200,000 a year and 8% representation in state and W/BBL teams by 2027.

ऑस्ट्रेलिया के किसी भी क्रिकेट क्लब का रजिस्टर खोलिए।

आपको लगेगा सबसे ज़्यादा नाम होंगे स्मिथ, ब्राउन या विलियम्स के। आख़िर यह ऑस्ट्रेलिया है।

लेकिन नहीं।

ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट में सबसे आम सरनेम है: सिंह।

4,262 बनाम 2,364

2023-24 सीज़न में ऑस्ट्रेलिया में 4,262 रजिस्टर्ड क्रिकेटरों का सरनेम सिंह था। स्मिथ? सिर्फ़ 2,364। यानी लगभग दोगुने।

और 2024-25 में भी तस्वीर वही रही। सबसे आम सरनेम की लिस्ट में पहले नंबर पर सिंह, दूसरे पर पटेल, तीसरे पर स्मिथ, चौथे पर शर्मा, और फिर विलियम्स। टॉप पाँच में तीन भारतीय नाम।

यह कोई इत्तेफ़ाक़ नहीं है। इसके पीछे एक पूरी योजना है।

एक लक्ष्य, जो दो साल पहले पूरा हो गया

दिसंबर 2023 में क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने अपना मल्टीकल्चरल एक्शन प्लान लॉन्च किया। मक़सद साफ़ था: क्रिकेट को हर समुदाय का खेल बनाना, ख़ासकर दक्षिण एशियाई समुदाय का, जो पहले से ही इस खेल का दीवाना है।

एक बड़ा लक्ष्य रखा गया: 2027 तक 1 लाख रजिस्टर्ड दक्षिण एशियाई खिलाड़ी।

2024-25 के क्रिकेट सेंसस में यह आँकड़ा पहुँच गया 1,03,232 पर। लक्ष्य से दो साल पहले।

सेंसस क्या है? क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया हर सीज़न देश भर में क्लब, स्कूल और जूनियर प्रोग्राम में रजिस्टर्ड खिलाड़ियों की गिनती करता है। 2024-25 में ऑस्ट्रेलिया में कुल 6,69,642 रजिस्टर्ड खिलाड़ी थे।

लेकिन असली कहानी इन बड़े नंबरों में नहीं है। असली कहानी बच्चों में है।

43%: अगली पीढ़ी

5 से 12 साल के दक्षिण एशियाई लड़कों की संख्या 7% बढ़कर 21,914 हुई, और लड़कियों की 8% बढ़कर 5,346।

और अब वो आँकड़ा जो सबसे ज़्यादा चौंकाता है। ऑस्ट्रेलिया के अंडर-12 नेशनल टैलेंट प्रोग्राम में 43% लड़के और 25% लड़कियाँ दक्षिण एशियाई मूल के हैं।

जबकि ऑस्ट्रेलिया की आबादी में दक्षिण एशियाई लोग सिर्फ़ लगभग 6% हैं।

मतलब साफ़ है: आने वाले सालों में ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के कई बड़े नाम सिंह, शर्मा और पटेल हो सकते हैं।

अभी बाकी है असली परीक्षा

लेकिन खेलना एक बात है, और टॉप तक पहुँचना दूसरी। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के प्लान के दो और बड़े लक्ष्य हैं, जिन पर अभी तक कोई प्रगति रिपोर्ट सामने नहीं आई है:

पहला, मैदानों पर दक्षिण एशियाई दर्शकों की संख्या दोगुनी करके हर साल 2 लाख तक पहुँचाना। दूसरा, 2027 तक फ़र्स्ट-क्लास, स्टेट और बिग बैश टीमों में दक्षिण एशियाई खिलाड़ियों की हिस्सेदारी 8% तक ले जाना।

कुछ नाम पहले ही रास्ता दिखा रहे हैं: तनवीर संघा, जेसन संघा, दिल्ली में जन्मे निखिल चौधरी, और ग्रेड क्रिकेट में 35 छक्के मारने वाले हरजस सिंह।

BY THE NUMBERS
103,232 · South Asian registered participants, 2024-25
100,000 · Target for 2027, met two years early
4,262 v 2,364 · Registered Singhs v Smiths, 2023-24
43% · South Asian boys in U12 national talent programs
25% · South Asian girls in U12 national talent programs
~6% · South Asian share of Australia’s population

कल पढ़िए

2018 में MCG पर बॉक्सिंग डे टेस्ट। स्टैंड में 11 साल का एक लड़का, हाथ में पोस्टर: “विराट, तुम मेरी प्रेरणा हो।” सात साल बाद वही लड़का भारत के ख़िलाफ़ ऑस्ट्रेलिया की जर्सी में था। उसकी कहानी, कल Kricketed पर।

Sources: The Indian Sun, 2024-25 census · South Asia Times · Indian Link, 2023-24 surnames · cricket.com.au, Multicultural Action Plan. Spotted an error? Email hitesh@kricketed.com and we will correct it with a dated note.

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